➤ हिमाचल के 10 जिलों में आज आंधी-तूफान और बारिश का यलो अलर्ट
➤ कई इलाकों में झमाझम बारिश से तापमान में 11 डिग्री तक गिरावट
➤ 18 जून तक प्रदेश में मौसम खराब रहने की संभावना
हिमाचल प्रदेश में मौसम का मिजाज लगातार बदला हुआ है और शनिवार को भी प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहा। राजधानी शिमला, कांगड़ा, मंडी, कुल्लू और अन्य कई क्षेत्रों में सुबह से ही बादल छाए रहे और रुक-रुक कर बारिश होती रही। लगातार हो रही बारिश से लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है, वहीं मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक सतर्क रहने की सलाह दी है।
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने शनिवार के लिए प्रदेश के 10 जिलों में आंधी-तूफान, बारिश और बिजली गिरने का यलो अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार शिमला, मंडी, कुल्लू, कांगड़ा, चंबा, सोलन, सिरमौर, बिलासपुर, हमीरपुर और ऊना जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। इन क्षेत्रों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग ने यह भी कहा है कि जनजातीय जिले किन्नौर और लाहौल-स्पीति में भी तेज हवाओं का असर देखने को मिल सकता है। हालांकि इन जिलों में भारी बारिश की संभावना कम है, लेकिन मौसम में अचानक बदलाव लोगों के लिए परेशानी खड़ी कर सकता है।
पूर्वानुमान के अनुसार प्रदेश के कई क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश जारी रह सकती है। विशेष रूप से मध्य और निचले पर्वतीय क्षेत्रों में आंधी-तूफान की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। ऐसे में खुले स्थानों, नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में जाने से बचने की सलाह दी गई है।
बीते कुछ दिनों से प्रदेश में हो रही बारिश और ऊंची चोटियों पर ताजा बर्फबारी का असर तापमान पर भी साफ दिखाई दे रहा है। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार कई स्थानों पर दिन के तापमान में 11 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई है। इससे जहां लोगों को गर्मी से राहत मिली है, वहीं प्रदेश के पर्यटन स्थलों का मौसम भी बेहद सुहावना हो गया है।
पर्यटन नगरी शिमला, मनाली, डलहौजी, धर्मशाला और कुफरी सहित कई प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पर्यटक ठंडे और खुशनुमा मौसम का आनंद ले रहे हैं। बारिश के बाद पहाड़ों की हरियाली और प्राकृतिक सुंदरता भी निखर गई है।
मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि 18 जून तक प्रदेश में मौसम खराब बना रह सकता है। इस दौरान रुक-रुक कर बारिश, तेज हवाएं और गरज-चमक की घटनाएं देखने को मिल सकती हैं। विभाग ने किसानों, बागवानों और आम लोगों को मौसम अपडेट पर नजर रखने तथा आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी है।



